Tejas Fighter Jet Crash-21 नवंबर 2025 को दुबई एयर शो में भारत का स्वदेशी लड़ाकू विमान HAL Tejas एक डेमो उड़ान के दौरान क्रैश हो गया। यह हादसा हजारों दर्शकों के सामने हुआ, जिसमें भारतीय वायु सेना (IAF) के कुशल पायलट विंग कमांडर नमंश स्याल की मौत हो गई। घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया है और स्वदेशी विमानों की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा किया है।
क्या हुआ था घटना के वक्त?
Dubai Air Show 2025 के दौरान Tejas अपने हाई-G और तेजी से मुड़ने वाले एरोबेटिक करतब दिखा रहा था।
गवाहों के मुताबिक—
- विमान ने एक तेज़ Negative-G maneuver की कोशिश की
- अचानक उसने नियंत्रण खो दिया
- कुछ ही सेकंड में विमान नीचे गिरा और भयावह आग का गोला बन गया
दर्शकों ने हादसे का लाइव दृश्य देखा जिससे पूरे एयर शो में अफरा-तफरी मच गई।
IAF की पुष्टि और आधिकारिक बयान
भारतीय वायु सेना ने बताया कि पायलट ने आखिरी क्षण तक विमान पर नियंत्रण वापस पाने की कोशिश की, लेकिन वे ईजेक्ट नहीं कर पाए।
IAF ने तुरंत Court of Inquiry (COI) गठित कर हादसे की जांच की घोषणा की है।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, CDS जनरल अनिल चौहान और कई वरिष्ठ अधिकारियों ने घटना पर शोक जताया और कहा कि—
“राष्ट्र ने एक बहादुर योद्धा खो दिया है।”
कौन थे विंग कमांडर नमंश स्याल?
- उम्र: लगभग 37 वर्ष
- निवासी: नगरोटा बगवां, हिमाचल प्रदेश
- पद: विंग कमांडर, IAF
- अनुभव: उच्च-स्तरीय एरोबेटिक और टेस्ट-फ्लाइंग मिशनों में विशेषज्ञ
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने भी पायलट के परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।
क्या था दुर्घटना का कारण?
जांच अभी जारी है, लेकिन शुरुआती संकेत बताते हैं कि—
- विमान ने Negative-G turn लिया
- अत्यधिक दबाव में कंट्रोल सरफेस फेल होने की संभावना
- उच्च गति और कम ऊंचाई पर maneuver पूरा नहीं हो पाया
विशेषज्ञ कहते हैं कि इस तरह के स्टंट आमतौर पर सुरक्षित होते हैं, लेकिन किसी भी छोटी तकनीकी त्रुटि से बड़ा हादसा हो सकता है।
Tejas: भारत का गर्व या चुनौती?
HAL Tejas भारत का हल्का, मल्टीरोल, स्वदेशी फाइटर जेट है।
यह पहले भी 2024 में राजस्थान में एक बार क्रैश हो चुका था (जिसमें पायलट बच गए थे)।
दुबई का यह हादसा भारत के स्वदेशी रक्षा कार्यक्रम पर फिर सवाल खड़े करता है:
- क्या भविष्य के Tejas Mark-2 में सुरक्षा मानक और मजबूत होंगे?
- क्या एरोबेटिक प्रदर्शन के दौरान विमान सीमाओं से अधिक दबाव में आ रहा है?
इन सवालों के जवाब जांच रिपोर्ट के बाद ही मिल सकेंगे।
दुर्घटना का असर — आगे क्या?
इस हादसे के बाद—
- IAF Tejas की सभी प्रदर्शन उड़ानों की समीक्षा करेगी
- HAL और DRDO को डिज़ाइन, सिस्टम और कंट्रोल यूनिट्स का पुनर्मूल्यांकन करना पड़ सकता है
- अंतरराष्ट्रीय एयर शो में भारतीय भागीदारी पर अस्थायी रोक लग सकती है
हालाँकि, विशेषज्ञ मानते हैं कि एक दुर्घटना किसी प्रोजेक्ट को असफल नहीं बनाती, बल्कि सुधार का मौका देती है।
निष्कर्ष
Tejas का यह हादसा भारत के लिए बड़ी क्षति है।
जहाँ एक ओर हम स्वदेशी रक्षा तकनीक में आगे बढ़ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर इस तरह की घटनाएँ हमें सुरक्षा, इंजीनियरिंग और प्रशिक्षण को और मजबूत करने का संदेश देती हैं।
देश आज विंग कमांडर नमंश स्याल को श्रद्धांजलि देता है —
एक ऐसा योद्धा, जिसने देश का नाम रोशन करते हुए अपने प्राण न्योछावर कर दिए।

